देहरादून में दर्दनाक हादसा: क्लेमेंटाउन के बरसाती नाली के तेज बहाव में बही दो मासूम बहनें, डूबने से मौत

देहरादून। राजधानी देहरादून के थाना क्लेमेंटाउन क्षेत्र अंतर्गत नई बस्ती में गुरुवार दोपहर एक हृदयविदारक घटना सामने आई, जहाँ बरसाती नाले में नहाने गई दो सगी मासूम बहनें पानी के अचानक आए तेज बहाव में बह गईं। दुर्गा मंदिर के पास बने एक सीमेंटेड रैंप के नीचे फंस जाने और दम घुटने के कारण 7 वर्षीय लक्ष्मी और 3 वर्षीय सोनाक्षी की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। मूल रूप से बिहार निवासी दिहाड़ी मजदूर परिवार पर टूटे इस दुखों के पहाड़ से पूरे इलाके में मातम पसरा हुआ है।
यह घटना करीब दोपहर एक बजे की है, जब सात वर्षीय लक्ष्मी कुमारी और उसकी तीन वर्षीय छोटी बहन सोनाक्षी कुमारी घर के बाहर खेलते-खेलते बरसाती नाले के पास चली गईं। दोनों बच्चियां नाले में नहाने लगीं, लेकिन पहाड़ी क्षेत्र में हुई बारिश के कारण नाले में अचानक तेज पानी आ गया। मासूम बच्चियां पानी के इस थपेड़े को संभाल नहीं पाईं और बहने लगीं। कुछ ही दूरी पर नाले पर बने सीमेंट के रैंप के नीचे दोनों बच्चियां तेज बहाव के कारण अंदर फंस गईं और बाहर नहीं निकल सकीं। काफी देर तक जब दोनों बच्चियां घर नहीं लौटीं, तो उनकी मां रीना कुमारी घबराकर उनकी तलाश में निकलीं। नाले के पास खोजबीन करते हुए जब मां की नजर रैंप के नीचे पड़ी, तो उनके होश उड़ गए।
रैंप के नीचे बड़ी बेटी लक्ष्मी की टांगें दिखाई दे रही थीं। मां की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग तुरंत मौके पर पहुंचे और मशक्कत के बाद दोनों बच्चियों को बाहर निकाला। लेकिन तब तक अत्यधिक पानी पेट में चले जाने और दम घुटने से दोनों की सांसे थम चुकी थीं।घटना की सूचना शाम करीब चार बजे पुलिस को दी गई, जिस पर क्लेमेंटाउन पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची। मृत बच्चियों की मां ने बताया कि वे मूल रूप से बिहार के खगड़िया जिले के ग्राम छोटम पिपरा के निवासी हैं और यहां किराए पर रहकर दिहाड़ी मजदूरी करते हैं। बच्चियों के पिता रुदल सदा किसी काम से बिहार गए हुए हैं, जिन्हें हादसे की जानकारी दे दी गई है।
पुलिस की शुरुआती जांच से भी यही पुष्टि हुई है कि मृत्यु नाले के रैंप में फंसने और डूबने के कारण ही हुई है। रोजगार की तलाश में बिहार से देहरादून आए दिहाड़ी मजदूर रुदल सदा के हंसते-खेलते परिवार की खुशियां पल भर में उजड़ गईं। एक साथ दो मासूम बेटियों को खो चुकी मां रीना कुमारी का रो-रोकर बुरा हाल है। पिता के गांव से लौटने से पहले ही दोनों बेटियां दुनिया छोड़ गईं।
मानसून के मौसम में बरसाती नाले अचानक उफान पर आ जाते हैं। क्लेमेंटाउन पुलिस ने क्षेत्र के सभी अभिभावकों से सतर्क रहने की अपील की है। बारिश के दिनों में छोटे बच्चों को नाले और नदियों के पास अकेले बिल्कुल न जाने दें, ताकि ऐसे दुखद हादसों की पुनरावृत्ति न हो।



