232 परिवारों का आशियाने का सपना पूरा, MDDA ने धौलास योजना में डिजिटल लॉटरी से बांटे फ्लैट
देहरादून। वर्षों से अपने सपनों के घर का इंतजार कर रहे 232 आर्थिक रूप से कमजोर (EWS) परिवारों का इंतजार आखिरकार खत्म हो गया है। मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (MDDA) ने ‘प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी)’ के तहत धौलास आवासीय योजना के लाभार्थियों को कंप्यूटरीकृत डिजिटल लॉटरी के माध्यम से फ्लैट आवंटित कर दिए हैं। आईएसबीटी स्थित सिटी जंक्शन मॉल में आयोजित इस कार्यक्रम में पूरी पारदर्शिता के साथ भवन संख्या आवंटित की गई। प्रशासन की संवेदनशीलता का परिचय देते हुए दिव्यांगों और वरिष्ठ नागरिकों को भूतल (Ground Floor) पर फ्लैट दिए गए, जिससे उन्हें आवागमन में कोई समस्या न हो। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इसे गरीब परिवारों को सम्मान, सुरक्षा और बेहतर भविष्य देने की दिशा में एक बड़ा कदम बताया है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य प्रत्येक पात्र परिवार को सम्मानजनक आवास उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास” के मंत्र के अनुरूप उत्तराखंड सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि कोई भी पात्र परिवार अपने घर के अधिकार से वंचित न रहे। उनके अनुसार प्रधानमंत्री आवास योजना केवल मकान देने की योजना नहीं, बल्कि गरीब परिवारों को सम्मान, सुरक्षा और बेहतर भविष्य देने का माध्यम है। इस आवंटन प्रक्रिया की सबसे खास बात यह रही कि दिव्यांगों और वरिष्ठ नागरिकों की जरूरतों को प्राथमिकता दी गई।
एमडीडीए ने चार दिव्यांग लाभार्थियों और दो वरिष्ठ नागरिकों को भूतल पर फ्लैट आवंटित किए, ताकि उन्हें आवागमन में किसी प्रकार की कठिनाई का सामना न करना पड़े। इसे प्रशासन की संवेदनशील कार्यशैली का उदाहरण माना जा रहा है। एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने बताया कि पूरी लॉटरी प्रक्रिया डिजिटल और पूरी तरह निष्पक्ष रही। सभी लाभार्थियों की उपस्थिति में कंप्यूटरीकृत प्रणाली से भवन संख्या का आवंटन किया गया, जिससे पारदर्शिता और विश्वास दोनों सुनिश्चित हुए। उन्होंने कहा कि प्राधिकरण का उद्देश्य केवल आवास निर्माण नहीं, बल्कि जरूरतमंद परिवारों को सुरक्षित, गुणवत्तापूर्ण और सम्मानजनक जीवन उपलब्ध कराना है।
एमडीडीए सचिव मोहन सिंह बर्निया ने बताया कि सभी 232 ईडब्ल्यूएस लाभार्थियों को निर्धारित नियमों के अनुसार फ्लैट आवंटित किए गए। उन्होंने कहा कि पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए किसी भी प्रकार के मानवीय हस्तक्षेप से बचते हुए डिजिटल लॉटरी प्रणाली अपनाई गई।
धौलास आवासीय योजना आधुनिक नागरिक सुविधाओं से युक्त आवासीय परियोजना है, जिसका उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को सुरक्षित और बेहतर जीवन उपलब्ध कराना है। फ्लैट आवंटन के दौरान लाभार्थियों के चेहरों पर खुशी साफ दिखाई दी। कई परिवारों ने इसे वर्षों पुराने सपने के पूरा होने का पल बताया। राज्य सरकार का कहना है कि भविष्य में भी आवास योजनाओं का दायरा बढ़ाया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक पात्र परिवारों को अपना घर मिल सके। धौलास आवासीय योजना के तहत 232 परिवारों को फ्लैट आवंटन को उत्तराखंड में समावेशी विकास और जनकल्याण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।



