
Ramnagar, 23 September, 2026। राजाजी नेशनल पार्क में बाघों का कुनबा बढ़ाने के लिए कॉर्बेट नेशनल पार्क से पांच बाघों (एक नर और चार मादा) को वहां स्थानांतरित करने की तैयारी पूरी कर ली गई है। राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (एनटीसीए) से अनुमति मिलने के बाद वन विभाग और विशेषज्ञों की निगरानी में इस प्रक्रिया को अंजाम दिया जाएगा। कॉर्बेट के निदेशक डॉ. साकेत बडोला के अनुसार, बाघों के स्वास्थ्य, पहचान और नए वातावरण में ढलने की पूरी प्रक्रिया एनटीसीए की सख्त गाइडलाइंस के तहत ही पूरी की जाएगी। उन्होंने कहा कि रीलोकेशन से पहले बाघों की आवश्यक जांच और पहचान संबंधी प्रक्रिया पूरी की जाएगी। वन विभाग और विशेषज्ञों की निगरानी में बाघों को सुरक्षित तरीके से पकड़कर राजाजी नेशनल पार्क पहुंचाया जाएगा। नए क्षेत्र में पहुंचने के बाद भी उनकी गतिविधियों और अनुकूलन की निगरानी की जाएगी। वन्यजीव प्रबंधन के लिहाज से इस रीलोकेशन को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
बाघों को एक संरक्षित क्षेत्र से दूसरे क्षेत्र में स्थानांतरित करते समय उनके स्वास्थ्य, व्यवहार और नए वातावरण में अनुकूलन का विशेष ध्यान रखा जाएगा। डॉ. बडोला ने स्पष्ट किया कि पूरी प्रक्रिया में एनटीसीए के दिशा-निर्देशों का पालन अनिवार्य रूप से किया जाएगा। कॉर्बेट लैंडस्केप में 6 से 8 अक्टूबर तक पहली बार कॉर्बेट लिटरेचर फेस्टिवल आयोजित होगा। तीन दिवसीय महोत्सव में 30 से अधिक वक्ता और 20 से ज्यादा सत्र होंगे। लेखक वार्ता, बुक बाजार, नेचर वॉक, बर्डिंग और सांस्कृतिक कार्यक्रम आकर्षण का केंद्र रहेंगे। प्रकृति, वन्यजीव, हिमालय और उत्तराखंड मुख्य विषय होंगे। धृतिमान मुखर्जी, अनुप शाह, संजय गुब्बी, प्रेरणा सिंह बिंद्रा, स्टीफन ऑल्टर, डॉ. पुष्पेश पंत, कल्याण सिंह रावत समेत कई प्रमुख हस्तियां इसमें शामिल होंगी।



